हैदराबाद में ट्रैफिक नियम तोड़ने वालों को पुलिस दिलवा रही हेलमेट, बनवा रही लाइसेंस

traffic police - फोटो : bharat rajneeti
खास बातें
- ट्रैफिक नियम उल्लंघन पर देशभर में भारी जुर्माने के बीच अनोखी पहल
- हेलमेट दिलवाने और लाइसेंस बनवाने में मदद कर रही हैदराबाद पुलिस
- गुजरात और उत्तराखंड में सरकारों ने जुर्माने में कटौती की घोषणा की है
यातायात नियम के उल्लंघन पर भारी भरकम जुर्माना लगाने के लेकर देश में जोरदार बहस हो रही है, लेकिन हैदराबाद पुलिस ने यातायात नियम का उल्लंघन करने वालों को रास्ते पर लाने पर एक अनोखा तरीका अपनाया है। हैदराबाद पुलिस बिना हेलमेट और आवश्यक दस्तावेजों के बगैर वाहन चलाने वालों जुर्माना लगाने के बजाय उन्हें हेलमेट दिलवाने और दस्तावेज बनवाने में मदद करने की पहल शुरू कर दी है। रेचकोंडा कमिश्नर की पहल के अनुसार, चार प्रकार के यातायात उल्लंघनों-बिना हेलमेट, लाइसेंस, बीमा और प्रदूषण जांच प्रमाण पत्र के बगैर सवारी पर कोई चलान जारी नहीं किया जाएगा। यातायात पुलिस मोटर चालकों को अपने समक्ष हेलमेट खरीदने, बीमा-प्रदूषण प्रमाण पत्र प्राप्त करने की व्यवस्था करने में मदद करेगी।
इसके अनुसार इन चार प्रकार के यातायात उल्लंघन करने वालों को पकड़े जाने पर पुलिस के समक्ष तुरंत हेलमेट खरीदना, बीमा, प्रदूषण जांच प्रमाण पत्र और वाहन दस्तावेज बनवाने होंगे। इसके साथ ही बिना लाइसेंस के ड्राइविंग करने वालों को पुलिस मौके पर ही शिक्षार्थी लाइसेंस बनवाने में मदद करेगी, इसके लिए तुरंत ऑनलाइन स्लॉट बुक की जाएगी।
पुलिस आयुक्त (यातायात) एन दिव्यचरण राव ने कहा कि कुछ लोगों को ट्रैफिक चालान को लेकर गलत धारणा है। इसे रोकने के लिए पुलिस ने यह अनोखी पहल की है, जिसमें यातायात उल्लंघन करने वालों पर जुर्माना नहीं लगाया जा रहा है, लेकिन पुलिस उन्हें सुधारात्मक उपाय करने और नियमों का पालन करने में मदद कर रही है।
संशोधित मोटर व्हीकल एक्ट में यातायात उल्लंघन पर भारी जुर्माने की व्यापक आलोचना हुई है। कई राज्यों सरकारों ने इससे निपटने के लिए अलग-अलग उपाय लागू कर रहे हैं। हैदराबाद ने जहां हेलमेट खरीदने, बीमा-प्रदूषण कागजात बनवाने में मदद कर रही है। वहीं, गुजरात और उत्तराखंड की भाजपा सरकारों ने जुर्माने में कटौती की घोषणा की है।
इसके अनुसार इन चार प्रकार के यातायात उल्लंघन करने वालों को पकड़े जाने पर पुलिस के समक्ष तुरंत हेलमेट खरीदना, बीमा, प्रदूषण जांच प्रमाण पत्र और वाहन दस्तावेज बनवाने होंगे। इसके साथ ही बिना लाइसेंस के ड्राइविंग करने वालों को पुलिस मौके पर ही शिक्षार्थी लाइसेंस बनवाने में मदद करेगी, इसके लिए तुरंत ऑनलाइन स्लॉट बुक की जाएगी।
पुलिस आयुक्त (यातायात) एन दिव्यचरण राव ने कहा कि कुछ लोगों को ट्रैफिक चालान को लेकर गलत धारणा है। इसे रोकने के लिए पुलिस ने यह अनोखी पहल की है, जिसमें यातायात उल्लंघन करने वालों पर जुर्माना नहीं लगाया जा रहा है, लेकिन पुलिस उन्हें सुधारात्मक उपाय करने और नियमों का पालन करने में मदद कर रही है।
संशोधित मोटर व्हीकल एक्ट में यातायात उल्लंघन पर भारी जुर्माने की व्यापक आलोचना हुई है। कई राज्यों सरकारों ने इससे निपटने के लिए अलग-अलग उपाय लागू कर रहे हैं। हैदराबाद ने जहां हेलमेट खरीदने, बीमा-प्रदूषण कागजात बनवाने में मदद कर रही है। वहीं, गुजरात और उत्तराखंड की भाजपा सरकारों ने जुर्माने में कटौती की घोषणा की है।