तृणमूल Congress विधायक की हत्या में Mukul Rai समेत चार के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज

प्राथमिक जांच से पता चला है कि विश्वास को एक सुनियोजित योजना के तहत पीछे से गोली मारी गई। एक अधिकारी ने बताया कि नदिया बांग्लादेश की सीमा से लगा है। ऐसे में अभियुक्तों के फरार होकर पड़ोसी देश में जाने का संभावना है।
इसके लिए सीमावर्ती इलाकों में पुलिस को हाई अलर्ट पर रखा गया है। इस मामले में हांसखाली थाने के प्रभारी को निलंबित कर दिया गया है। विधायक का बाडीगार्ड भी शनिवार को छुट्टी पर था। उसकी भूमिका की भी जांच की जा रही है।
बता दें कि जिले के कृष्णगंज क्षेत्र के विधायक विश्वास (41) को फूलबाड़ी इलाके में उनके घर के समीप सरस्वती पूजा के एक पंडाल में काफी नजदीक से गोली मारी गई। उन्हें तुरंत स्थानीय अस्पताल ले जाया गया जहां डाक्टरों ने विश्वास को मृत घोषित कर दिया। रविवार को उनका शव अंतिम संस्कार के लिए घर लाया गया जहां सैकड़ों लोगों ने उन्हें श्रद्धांजलि दी। शाम को विश्वास का अंतिम संस्कार कर दिया गया।
कौन हैं मुकुल रॉय
मुकुल रॉय टीएमसी के पूर्व सांसद हैं। मनमोहन सरकार में वह रेल मंत्रालय का कार्यभार संभाल चुके हैं। ममता बनर्जी के साथ रिश्तों में आई खटास के बाद उन्होंने पिछले साल भाजपा का दामन थाम लिया था। शारदा चिटफंड मामले में भी उनका नाम आया था। ममता बनर्जी ने जब रेल मंत्री पद से इस्तीफा दिया था तब मुकुल रॉय को यह कार्यभार सौंपा गया था।
राजनीति से प्रेरित आरोप : मुकुल
पश्चिम बंगाल में कहीं भी टीएमसी के लोगों की हत्या होती है, तो वे लोग भाजपा के कार्यकर्ता या नेताओं पर आरोप लगाते हैं। मुझ पर दर्ज की एफआईआर पूरी तरह से राजनीति से प्रेरित है। यह एक गंदी साजिश के अलावा कुछ नहीं है।