कश्मीर दौरे पर समीक्षा बैठक में बोले शाह, हिंसा मुक्त हो अमरनाथ यात्रा, सुरक्षा एजेंसियां रहें अलर्ट

यात्रा के काफिले के मूवमेंट के दौरान शाह ने मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) के महत्व को रेखांकित करते हुए बिंदुवार चर्चा के दौरान कहा कि काफिले की समय पर रवानगी सुनिशचित करने के साथ ही निर्धारित स्थानों पर तय समय के बाद बैरिकेड्स लगाए जाने चाहिए। साथ ही यत्रियों और पर्यटकों के बीच कोई भेदभाव नहीं किया जाना चाहिए। कॉनवाय मूवमेंट के दौरान सभी प्रारंभिक प्रवेश बिंदुओं पर बैरिकेड्स का उपयोग किया जाना चाहिए तथा यहा हर समय सुरक्षा बलों की तैनाती होनी चाहिए।
महेश्वरी ने बताया कि बैठक में आपदा या किसी आपात स्थिति के बारे में गृह मंत्री ने कहा इससे निपटने के लिए सभी प्रकार की तैयारियां होनी चाहिए तथा विशिष्ट इकाइयां और प्रशिक्षित कर्मी तैनात होने चाहिए। आधार शिविरों में सर्वोत्तम संभव सुविधाएं प्रदान की जानी चाहिए। यात्रा की व्यवस्था पर प्रतिनियुक्त लोगों के लिए आवश्यक सुविधाओं पर जोर देते हुए उन्होंने सभी कर्मियों के लिए उचित आचरण सुनिश्चित करने की आवश्यकता को रेखांकित किया। कहा, यात्रा के दौरान सुरक्षा कर्मियों और ड्यूटी स्टाफ द्वारा पूरी शालीनता बरती जानी चाहिए।
उपद्रवियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के निर्देश
बैठक में शाह ने सभी सुरक्षा बलों और विभिन्न एजेंसियों को उपद्रवियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रखने की सलाह दी साथ ही यात्रा के दौरान किसी भी प्रकार के जोखिम को कम करने के लिए पूरे राज्य में घुसपैठ के संभावित बिंदुओं सहित सभी संवेदनशील स्थानों को कवर करने की आवश्यकता भी दोहराई। उन्होंने यात्रा के दौरान संभव सर्वोत्म व्यवस्थाओं के प्रति अपनी प्रतिबद्धता भी दोहरायी ।
बैठक में ये थे मौजूद
इस बैठक में राज्यपाल सत्यपाल मलिक, केंद्रीय गृह सचिव राजीव गौबा, विशेष सचिव (आतंरिक सुरक्षा) एपी महेश्वरी, प्रमुख सचिव बीवीआर सुबह्मणयम, जीओसी नॉर्दन कमांड ले, जनरल रणबीर सिंह के अलावा सभी सुरक्षा एजंसियों के प्रमुख मौजूद थे।
राज्यपाल ने प्रोटोकाल तोड़कर किया शाह का स्वागत
इससे पहले केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के श्रीनगर के टेक्निकल एयरपोर्ट पहुंचने पर राज्यपाल सत्यपाल मलिक और उनके सलाहकारों समेत पुलिस, सेना और प्रशासनिक अधिकारियों ने उनका स्वागत किया। बता दें कि आमतौर पर राज्यपाल हमेशा प्रधानमंत्री को रिसीव करने पहुंचते थे लेकिन मलिक ने प्रोटोकॉल तोड़ते हुए गृह मंत्री का स्वागत किया गया। अमित शाह सीधा राज भवन गए जहां से वह श्रीनगर के एसकेआईसीसी पहुंचे जहां उन्होंने प्रशासनिक और सभी सुरक्षा एजंसियों के आला अधिकारियों के साथ एक के बाद एक बैठकें कीं।