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Sunday, August 22, 2021

Kalyan Singh passed away : 23 को अलीगढ़ में गंगा किनारे होगा अंतिम संस्कार, भाजपा कार्यालय में रखा जाएगा पार्थिव शरीर

अयोध्या आंदोलन के पुरोधा रहे और यूपी के पूर्व मुख्यमंत्री कल्याण सिंह (Kalyan Singh) नहीं रहे। शनिवार रात उन्होंने लखनऊ के संजय गांधी आयुर्विज्ञान परास्नातक संस्थान में अंतिम सांस ली। वह 89 साल के थे। उनके निधन से पूरे देश में शोक की लहर दौड़ गई है।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (Yogi Adityanath) ने उनके निधन पर शोक जताते हुए तीन दिन के राजकीय शोक की घोषणा की है। इस अवधि में राष्ट्रीय ध्वज आधा झुका रहेगा। मुख्यमंत्री ने कल्याण सिंह का अंत्येष्टि संस्कार राजकीय सम्मान के साथ किए जाने की भी घोषणा की है।

कल्याण सिंह (Kalyan Singh की हालत काफी नाजुक जानकर मुख्यमंत्री ने शनिवार शाम अपना गोरखपुर दौरा पहले ही रद्द कर दिया था और वह शनिवार शाम उन्हें देखने पीजीआई भी गए। रात करीब साढ़े नौ बजे कल्याण सिंह ने अंतिम सांस ली। सीएम रात में दोबारा पीजीआई पहुंचे और उन्हें श्रद्धांजलि दी।

मुख्यमंत्री ने बताया कि उनका अंतिम संस्कार सोमवार 23 अगस्त को अलीगढ़ में किया जाएगा। इस दिन सार्वजनिक अवकाश रहेगा। रविवार को कल्याण सिंह (Kalyan Singh का पार्थिव शरीर विधानभवन में और इसके बाद भाजपा कार्यालय में दर्शन के लिए रखा जाएगा। दोपहर दो बजे उनका पार्थिव शरीर अलीगढ़ ले जाया जाएगा जहां 23 अगस्त को गंगा किनारे अंत्येष्टि होगी।

पीजीआई निदेशक डॉ. आरके धीमन ने बताया कि कल्याण सिंह चार जुलाई से पीजीआई में भर्ती थे। उन्हें लोहिया संस्थान से यहां शिफ्ट किया गया था। 21 जुलाई को तबीयत बिगड़ने पर उन्हें वेंटिलेटर सपोर्ट पर रखा था। उनके गुर्दे में संक्रमण होने की वजह से डायलिसिस चल रही थी।

इससे पहले 21 जून को परिजनों ने कल्याण सिंह की लार ग्रंथि में दिक्क्त होने पर उन्हें लोहिया संस्थान में भर्ती कराया था। अस्पताल में भर्ती के दौरान उन्हें दिल का दौरा व ब्रेन स्ट्रोक का आंशिक दौरा पड़ा था। चार जुलाई को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ कल्याण सिंह (Kalyan Singh को लोहिया संस्थान देखने गए ठगे। वहां तबीयत ज्यादा नाजुक होने पर मुख्यमंत्री ने तुरंत कल्याण सिंह को पीजीआई शिफ्ट करने के निर्देश दिए थे। उसके कुछ घंटे बाद उन्हें पीजीआई के क्रिटिकल केयर मेडिसिन विभाग (सीसीएम) में भर्ती किया गया।

कल्याण से यह लोग मिले

एक अगस्त: गृह मंत्री अमित शाह और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ
21 जुलाई: रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह
आठ जुलाई: भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा
20 जुलाई: राज्यपाल आनंदी बेन पटेल
4, 8, 18, जुलाई, एक अगस्त, 20 और 21 अगस्त: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ
28 जुलाई: मध्य प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती
12 जुलाई: कैबिनेट मंत्री स्मृति ईरानी
22 जुलाई: विधान सभा अध्यक्ष हृदय नारायण दीक्षित
9 जुलाई: भाजपा के वरिष्ठ नेता शाहनवाज हुसैन
संपूर्ण राष्ट्र के लिए अपूरणीय क्षति: योगी

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (Yogi Adityanath) ने कल्याण सिंह के निधन पर शोक जताते हुए कहा कि समाज, कल्याण सिंह को उनके युगांतरकारी निर्णयों, कर्तव्यनिष्ठा व शुचितापूर्ण जीवन के लिए सदियों तक स्मरण करते हुए प्रेरित होता रहेगा। प्रभु श्री राम से प्रार्थना है कि दिवंगत पुण्यात्मा को अपने श्री चरणों में स्थान दें और शोक-संतप्त परिजनों को दु:ख सहने की शक्ति प्रदान करें। राजनीति में शुचिता, पारदर्शिता व जन सेवा के पर्याय, अप्रतिम संगठनकर्ता एवं लोकप्रिय जननेता आदरणीय कल्याण सिंह का देहावसान संपूर्ण राष्ट्र के लिए अपूरणीय क्षति है। मुख्यमंत्री ने कहा कि जननेता के तौर पर उन्होंने आदर्श प्रस्तुत किया। राम मंदिर आंदोलन के वह अग्रणी नेता थे। उन्होंने हाशिए पर खड़े समाज के करोडों लोगों को आवाज दी।